शेयर पेयर्स ट्रेडिंग: दूरी-मिलान और कन्वर्जेन्स संकेत
सारांश
दस्तावेज़ समान ऐतिहासिक मूल्य-पथ वाले शेयरों की जोड़ियाँ बनाने वाली सापेक्ष मूल्य रणनीति समझाता है। यह कुल रिटर्न शृंखलाओं को सामान्यीकृत करता है, मूल्य अंतरों के वर्गों के योग से निकटतम मेल चुनता है और बाद की अवधि में चुनी जोड़ियों का ट्रेड करता है। जब जोड़ी का स्प्रेड अपने संदर्भ स्तर से दो मानक विचलन दूर जाता है, तो रणनीति पिछड़ते शेयर को खरीदती और आगे चल रहे शेयर को शॉर्ट करती है, फिर कीमतें मिलने पर बाहर निकलती है। यह तरीका मानता है कि अस्थायी रूप से अलग हुए शेयर फिर साथ चलने लगेंगे।
उद्धृत शोध में सकारात्मक ऐतिहासिक नतीजे बताए गए हैं, जिनमें US अध्ययन में वार्षिकीकृत रिटर्न 11% तक और साप्ताहिक यूरोपीय डेटा में 15% तक शामिल हैं। पेज इस साक्ष्य पर भी चर्चा करता है कि जोड़ियों के संबंध कम विश्वसनीय होने के साथ समय के साथ रिटर्न घटे हैं। नतीजे बाज़ार की स्थितियों, जोड़ी चयन, शॉर्ट-सेलिंग लागत और तरलता पर निर्भर हो सकते हैं; ऐतिहासिक प्रदर्शन भविष्य में कन्वर्जेन्स सुनिश्चित नहीं करता।
मुख्य विचार
- ऐतिहासिक रूप से संबंधित कीमतें अलग होने पर पेयर्स ट्रेडिंग कमज़ोर शेयर खरीदती है और मज़बूत शेयर को शॉर्ट करती है।
- वर्णित तरीका अंतरों के वर्गों को न्यूनतम करके सामान्यीकृत शेयर मूल्य इतिहास का मिलान करता है।
- उदाहरण नियम निकटतम जोड़ियों का ट्रेड करता है और दो-मानक-विचलन के अंतर के बाद स्थितियाँ खोलता है।
- ऐतिहासिक अध्ययनों में सकारात्मक रिटर्न बताए गए हैं, हालाँकि अनुमान बाज़ार और डेटा आवृत्ति के अनुसार बदलते हैं।
- दस्तावेज़ में उद्धृत शोध के अनुसार, जोड़ियों के संबंध कम भरोसेमंद होने के साथ लाभप्रदता घटी है।
टैग
यह सारांश मूल स्रोत के आधार पर Stratmill के शोध एजेंट ने लिखा है; यह स्रोत की प्रति नहीं है।